पीएम मोदी ने आईआईटी खड़गपुर के 66 वें दीक्षांत समारोह को किया संबोधित

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नई दिल्ली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आईआईटी खड़गपुर के 66 वें दीक्षांत समारोह को संबोधित करते हुए देश के भविष्य के निर्माताओं से कहा
इस कैंपस से निकलकर आपको सिर्फ अपना नया जीवन ही स्टार्ट नहीं करना है, बल्कि आपको देश के करोड़ों लोगों के जीवन में बदलाव लाने वाले स्टार्ट अप भी बनाने हैं।

इसलिए ये जो डिग्री, ये जो मेडल आपके हाथ में है, वो एक तरह से करोड़ों आशाओं का आकांक्षा पत्र है, जिन्हें आपको पूरा करना है इंजीनियर होने के नाते एक क्षमता आपमें विकसित होती है और वो है चीजों को Pattern से Patent तक ले जाने की क्षमता।यानि एक तरह से आपमें विषयों को ज्यादा विस्तार से देखने की दृष्टि होती है: जीवन के जिस मार्ग पर अब आप आगे बढ़ रहे हैं, उसमें निश्चित तौर पर आपके सामने कई सवाल भी आएंगे।
 
ये रास्ता सही है, गलत है, नुकसान तो नहीं हो जाएगा, समय बर्बाद तो नहीं हो जाएगा? ऐसे बहुत से सवाल आएंगे।इन सवालों का उत्तर है- 

Self Three

1.Self-awareness

2.Self-confidence  

3.Selflessness

आप अपने सामर्थ्य को पहचानकर आगे बढ़ें, पूरे आत्मविश्वास से आगे बढ़ें, निस्वार्थ भाव से आगे बढ़ें: 
आप सभी, साइंस, टेक्नॉलॉजी और इनोवेशन के जिस मार्ग पर चले हैं, वहां जल्दबाज़ी के लिए कोई स्थान नहीं है।

आपने जो सोचा है, आप जिस इनोवेशन पर काम कर रहे हैं, संभव है उसमें आपको पूरी सफलता ना मिले।

लेकिन आपकी उस असफलता को भी सफलता ही माना जाएगा, क्योंकि आप उससे भी कुछ सीखेंगे 

21वीं सदी के भारत की स्थिति भी बदल गई है, ज़रूरतें भी बदल गई हैं और Aspirations भी बदल गई हैं।

अब IITs को इंडियन इंस्टीट्यूट्स ऑफ टेक्नॉलॉजी ही नहीं, Institutes of Indigenous Technologies के मामले में Next Level पर ले जाने की जरूरत है।


आज भारत उन देशों में से है जहां बहुत सोलर पावर की कीमत प्रति यूनिट बहुत कम है। लेकिन घर-घर तक सोलर पावर पहुंचाने के लिए अब भी बहुत चुनौतियां हैं।

भारत को ऐसी टेक्नोलॉजी चाहिए जो इनवायर्नमेंट को कम से कम नुकसान पहुंचाए, ड्यूरेबल हो और लोग ज्यादा आसानी से उसका इस्तेमाल कर पाएं ।
इंटरनेट ऑफ थिंग्स हो या फिर मॉडर्न कंस्ट्रक्शन टेक्नॉलॉजी, IIT खड़गपुर प्रशंसनीय काम कर रहा है।

कोरोना से लड़ाई में भी आपके सॉफ्टवेयर समाधान देश के काम आ रहे हैं।

अब आपको हेल्थ टेक के फ्यूचरिस्टिक सोल्यूशंस को लेकर भी तेज़ी से काम करना है ।
सरकार ने मैप और Geospatial Data को कंट्रोल से मुक्त कर दिया है।

इस कदम से Tech Startup Ecosystem को बहुत मजबूती मिलेगी।

इस कदम से आत्मनिर्भर भारत का अभियान भी और तेज होगा।

इस कदम से देश के युवा Start-ups और Innovators को नई आजादी मिलेगी ।
जारी....


I think all aspiring and professional writers out there will agree when I say that ‘We are never fully satisfied with our work. We always feel that we can do better and that our best piece is yet to be written’.
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