मिशन ज़ायका-ए-रामपुर

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रामपुर के पारंपरिक पकवानों को मिलेगा बढ़ावा 

रामपुर। मुख्य विकास अधिकारी ग़ज़ल भारद्वाज की अध्यक्षता में रामपुर के प्रसिद्ध पारंपरिक व नवाब कालीन दुर्लभ पाक शैलियों, पकवानों एवं मिठाइयों के पुनरुत्थान व सामरिक प्रसिद्धि हेतु  रामपुर के प्रमुख शेफ जनों के साथ विकास भवन सभागार में बैठक का आयोजन किया गया। 

 रामपुर के दुर्लभ रेसिपी जैसे नीम व अदरक का हलवा, लहसुन की खीर, हब्शी हलवा सोहन, कबाब, नरगिसी कोफ्ता आदि ऐसे पकवान है जिनको बहुत की कम लोग जानते हैं। काफी लोग जो इनमें दिलचस्पी रखतें हैं, वो इन्हें आर्डर कहाँ से करना है, ये नही जानते।

 

मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि बैठक का उद्देश्य आगामी हुनर हाट में रामपुर के पकवानों को प्रोत्साहित करने के लिए उनसे जुड़े कारीगरों का प्रतिभाग बढ़ाना है तथा होम डिलीवरी व्यवस्था स्थापित करना है।
 अगली बैठक तक रामपुर के सभी पकवानों की कैटलॉग इन्वेंटरी बनाने के निर्देश।

 

आर्डर व डिलीवरी मैकेनिज्म हेतु प्लान तैयार करने हेतु निर्देशित किया।
 उपायुक्त उद्योग को आने वाले समय में फ़ूड फेस्टिवल इवेंट कराने हेतु कार्ययोजना आगामी बैठक तक बनाने हेतु निर्देशित किया जिससे रामपुर की पाक शैली की प्रदर्शनी व पब्लिसिटी बढ़ाई जा सके।

 

रामपुर के हुनरमंद शेफ्स को शासन की विभिन्न योजनाओं से जोड़कर, मास्टर ट्रेनर के रूप में युवाओं को आरसेटी के माध्यम से जुलाई से ट्रेनिंग दी जाएगी।
फ़ूड आउटलेट्स के रेनोवेशन और स्थापना हेतु लोन्स की व्यवस्था हेतु निर्देश।


 रामपुर के पकवान अपने खड़े मसालों के प्रयोग के लिए जाने जातें हैं। इनकी मार्केटिंग हेतुं इन्वेंटरी तैयार की जाए।
इस अवसर पर सुशील कुमार शर्मा, उपायुक्त उद्योग, आनंद देव, मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी, आर के सेठ, अग्रणी जिला प्रबंधक, शुऐब अहमद, निदेशक आर सेटी आदि मौजूद रहे। मुग़ल जायका फ़ूड रेस्टोरेंट के महफूज़ अली व उनकी टीम एवं करीम फूड्स रेस्टॉरेंट से नईम अली व उनके शेफ टीम आदि उपस्थित रही।

 

मुख्य विकास अधिकारी ने सभी शेफ से उनके विशिष्ट पकवानों के बारे में विस्तृत जानकारी ली। करीम फूड्स रेस्टॉरेंट से आए नईम अली ने बताया कि उनका रेस्टोरेंट रामपुर के मशहूर नॉनवेज उत्पादों को बनाने व आर्डर पर पार्टीज, मेले आदि में प्रतिभाग भी करते है। उनके पास करीब 4 से 5 मेन शेफ व करीब 10 से 12 कारीगर कार्य करते हैं ।

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